गाली बकने से भी नहीं चूकेंगे कंगारू

 

98410-steve-smith

ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट टीम स्मिथ के नेतृत्व में भारत पहुँच चुकी है और अपने इस भारत दौरे पर वो चार टेस्ट मैच खेलेगी | ज़ाहिर है ये दौरा न तो मेहमानों और ना ही मेजबानो के लिए आसान होने वाला है | भारतीय टीम इस वक़्त दुनिया की नंबर एक टेस्ट टीम है | इसका अंदाजा कंगारुओं को है | जिस तरह से भारत इस समय सफलता के रथ पर सवार है उससे मेहमान टीम की चिंता बढ़ना स्वाभाविक है | लेकिन विराट कोहली की कप्तानी में जिस ढंग से हमने इंग्लैंड और बांग्लादेश को धोया है उससे निजात पाने की हर कोशिश ये कंगारू टीम करेगी | उसका प्रयास होगा की अपने प्रदर्शन और खासकर पेशेवर अंदाज़ से वह भारत को विचलित कर सके |

टीम में बल्लेबाजी और गेंदबाजी के साथ – साथ क्षेत्र रक्षण में भी ऑस्ट्रेलियाई पूरी तैय्यारी से इस दौरे पर आये हैं |उन्हें मालोम है की भारत को भारत में हराना बहुत मुश्किल होता है | खास कर मेज़बान टीम के मौजूदा संतुलन ,गठन और कप्तान कोहली सहित टीम के स्टार खिलाड़ियों के फार्म को देखते हुए | शायद यही वजह है कि मेहमां टीम के कप्तान स्मिथ ने अपनी पहली ही प्रेस कांफ्रेंस में इस बात को खुले तौर पर कहा है कि वे अपने खिलाड़ियों को’ स्लेजिंग’ से नहीं रोकेंगे | स्लेजिंग का साफ़ – साफ़ मतलब है चुभने वाली टिप्पणियाँ या फिर सहज भाषा में कहें तो आपको असहज करने वाली गालियाँ | इससे विपक्षी बल्लेबाज़ – गेंदबाज़ उत्तेजित होकर गलतियाँ कर बैठते है और कंगारू टीम उसका लाभ उठा लेती है | सत्तर के दशक से ही ऑस्ट्रेलिया टीम अपनी विपक्षी टीमों के खिलाफ इस ” हथियार” का इस्तेमाल कर रही है | कई बार सुनील गावस्कर , हरभजन सिंह या फिर जावेद मियांदाद जैसे खिलाड़ियों ने इसका मुंहतोड़ जवाब भी दिया है | आक्रामकता में तो मौजूदा भारतीय कप्तान विराट कोहली और उनकी पूरी मण्डली भी कुछ कम नहीं है | लगता है की इस बार कंगारूओं को खेल और आक्रामकता दोनों में ही करारा हमला झेलना पड़ेगा और स्मिथ की ” स्लेजिंग पालिसी ” धरी की धरी रह जायेगी |

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *