पौना में सूबेदार जी का ओजस्वी संबोधन

मधुबनी के पौधों में हो रहे भागवत कथा में आज धर्म जागरण समन्वय के क्षेत्र प्रमुख सूबेदार जी का आगमन हुआ । सूबेदार जी ने भक्तों को संबोधित करते हुए कहा कि इस देश में वामपंथियों ने हमारे धर्म और संस्कृति को विकृत तरीके से पेश करने का काम किया है । आज इस बात की बहुत ही जरूरत है कि प्रत्येक भारतीय अपनी संस्कृति और धर्म के बारे में जाने क्योंकि जो किताबें पढ़ाई जा रही है वह वामपंथियों के द्वारा लिखी गई है और उसमें हमारे धर्म और संस्कृति के बारे में योजनाबद्ध तरीके से गलत तथ्यों को पेश किया गया है। हमारा धर्म विश्व का सर्वश्रेष्ठ धर्म है जिसमें सहिष्णुता और विश्व शांति का विचार समाहित है ऐसा कोई भी दूसरा धर्म नहीं है जो दूसरे धर्म के प्रति सहिष्णु है क्योंकि वे सारे धर्म सिमेटिक है ।आज के समय में जहां पूरे विश्व में हिंसा फैला हुआ है निश्चित तौर पर एकमात्र हमारा हिंदू धर्म ही ऐसा है जो विश्व में शांतिपूर्ण समाज की स्थापना कर सकता है। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि आज भारत में हिंदू की संख्या आनुपातिक तौर पर कम हो रहा है ऐसे भारत में अनेक क्षेत्र हैं जहां हिंदू अल्पसंख्यक हो चुके हैं इस बात पर हिंदू समाज को विचार करने की आवश्यकता है क्योंकि इस देश में हिंदुओं के घटने के कारण अनेक विभाजन के कार्य हो चुके हैं । पाकिस्तान बना बांग्लादेश बना ।अफ़गानिस्तान हमसे अलग हुआ यह सब तथ्य हमें सोचने को मजबूर करता है और समाज को भी इस पर सोचना चाहिए । हर काम सरकार नहीं करती है, बहुत सारे काम समाज के जिम्मेदार लोगों पर भी निर्भर करता है। आज के समारोह में विधायक जीवेश कुमार भी उपस्थित  थे।अपने संबोधन मेंं उन्होंने कहा इस तरह के कार्यक्रम की लगातार आवश्यकता है जिससे कि हमारे समाज में नैतिकता और आध्यात्मिक मूल्यों का प्रसार हो ।उन्होंने कार्यक्रम के संयोजक समाजसेवी और पूर्व भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारी श्री आशुतोष मिश्रा को इस कार्य के लिए धन्यवाद दिया ।उन्होंने कहा कि श्री आशुतोष जी मुंबई में एक शानदार कैरियर के साथ अपना जीवन जी रहे हैं और उन्होंने गांव में आकर इस तरह का कार्यक्रम का आयोजन किया यह प्रदर्शित करता है कि वह जमीन से जुड़े हुए आदमी है। आज के भी कार्यक्रम में भारी संख्या में श्रद्धालु गानों की उपस्थिति रही।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *